सावाधान हो जाएं, आपका फोन आपकी जासूसी कर रहा है - Today news vk

HELLO MY NAME IS VIPUL SONI I M CREAT NEW BLOG PLEASE REGULAR COMMENT THIS BLOG

Breaking

Home Top Ad

Post Top Ad

Responsive Ads Here

Tuesday, July 10, 2018

सावाधान हो जाएं, आपका फोन आपकी जासूसी कर रहा है

<p style="text-align: justify;"><strong>नई दिल्ली:</strong> आपके स्मार्टफोन में मौजूद कुछ पॉपुलर एप्स आपकी हर हरकत पर नजर रख रहें हैं. जिसमें आप क्या कर रहें हैं, आपकी पंसद क्या है, किससे बात कर रहे हैं. इन सारी चीजों के बारे में जानकारी ये एप्स एक स्क्रीनशॉट के जरिए ले रहे हैं. एक नई रिपोर्ट में इस बात का खुलासा किया गया है कि आपकी सभी जानकारी को लेकर ये एप्स किसी थर्ड पार्टी को दे रहें हैं.</p> <p style="text-align: justify;">स्क्रीनशॉट और वीडियो में आपका यूजरनेम, पासवर्ड, क्रेडिट कार्ड नंबर और दूसरी अहम जानकारियां मौजूद हैं. नार्थईस्टर्न यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर डेविड कॉफनेस ने खुलासा करते हुए कहा है कि हमने ये पाया कि सभी एप के पास ये पॉवर है कि वो आपका स्क्रीन रिकॉर्ड कर सकते हैं. तो वहीं आप जो भी फोन में टाइप कर रहे हैं उसकी भी जानकारी ये एप्स ले सकते हैं.</p> <p style="text-align: justify;">रिसर्च के लिए एंड्रॉयड ऑपरेटिंग सिस्टम में तकरीबन 17,000 एप्स का इस्तेमाल किया गया जिसे कुछ छात्रों ने टेस्ट के जरिए लिखा था. 17 हजार एप्स में से 9000 एप्स ऐसे निकलें जो आपके फोन के स्क्रीनशॉट ले सकते थे तो वहीं ये भी पता कर सकते थे कि आप क्या करते हैं. हालांकि इसमें कोई भी ऑडियो लीक नहीं पाया गया. लेकिन एक अजीब सी चीज जो रिसर्चर्स के सामने आई वो ये थी कि इन एप्स ने स्क्रीनशॉट लेना शुरू कर दिया और तीसरे पार्टी के साथ मिली हुई जानकारी को शेयर करने लगें.</p> <p style="text-align: justify;">हेल्थ से जुड़े भी डेटा हुए लीक</p> <p style="text-align: justify;">सिर दर्द के ऊपर भी एक स्टडी की गई थी जिसमें ये पाया गया कि एप्स लोगों के माइग्रेन पेन को भी तीसरे पार्टी के साथ शेयर करते हैं. बता दें कि ऐसा करना कानूनी अपराध हैं क्योंकि आप किसी की मेडिकल चीज को किसी थर्ड पार्टी के साथ शेयर नहीं कर सकते.</p> <p style="text-align: justify;">2018 में कुल 3.4 बिलियन स्मार्टफोन यूजर्स ने हेल्थ रिलेटेड एप्स का इस्तेमाल किया था तो वहीं अभी भी हेल्थ से रिलेटेड मार्केट में कई एप्स मौजूद हैं. इस बात की जानकारी अमेरिका के न्यूयॉर्क यूनिवर्सिटी लैंगोन मेडिकल सेंटर के लेखक मिया मिनन ने दी.</p>

from gadgets https://ift.tt/2KJTmOL

No comments:

Post a Comment

Post Bottom Ad

Responsive Ads Here

Pages